सुपौल, 29 सितंबर 2026: माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, सुपौल श्री राजेश कुमार बच्चन के निर्देशानुसार आज श्री राम चंद्र प्रसाद, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (CJM), सुपौल एवं श्री अमित गौरव, सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, सुपौल द्वारा मंडल कारा, सुपौल का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों द्वारा कारा में बंद बंदियों से बातचीत कर उनके मुकदमों की स्थिति, विधिक सहायता की उपलब्धता तथा उनकी व्यक्तिगत समस्याओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई। विशेष रूप से ऐसे बंदियों से जानकारी ली गई, जो आर्थिक अथवा अन्य कारणों से अपने लिए अधिवक्ता नियुक्त करने में सक्षम नहीं हैं। पात्र बंदियों को निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराने हेतु आवश्यक निर्देश दिए गए।
अधिकारियों द्वारा मंडल कारा के रसोईघर का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान बंदियों के लिए तैयार किए जा रहे भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता तथा साफ-सफाई का जायजा लिया गया।
इसके अतिरिक्त कारा अस्पताल का निरीक्षण कर बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही चिकित्सकीय सुविधाओं, दवाओं की उपलब्धता एवं स्वास्थ्य संबंधी व्यवस्थाओं की जानकारी ली गई।
सचिव, डीएलएसए, सुपौल द्वारा यह सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया कि पात्र बंदियों को समय पर प्रभावी विधिक सहायता उपलब्ध हो तथा किसी भी बंदी को केवल आर्थिक असमर्थता के कारण न्याय प्राप्त करने में कठिनाई न हो।

