इस भ्रमण-दर्शन कार्यक्रम का उद्देश्य जिले के मत्स्य कृषकों को मात्स्यिकी की नवीनतम एवं उन्नत तकनीकों से अवगत कराना है, ताकि वे इन तकनीकों से प्रेरित होकर इन्हें अंगीकार करते हुए अपने-अपने जलस्रोतों में लागू कर लाभान्वित हो सकें।
इस योजना के सफल क्रियान्वयन से जिले में मत्स्य उत्पादन एवं उत्पादकता में अभिवृद्धि होने के साथ-साथ रोजगार के नए अवसरों का सृजन तथा मत्स्य पालकों की वार्षिक आय में भी वृद्धि हो सकेगी।
भ्रमण-दर्शन कार्यक्रम के माध्यम से मत्स्य कृषकों को आधुनिक एवं वैज्ञानिक मत्स्य पालन तकनीकों की व्यावहारिक जानकारी प्राप्त होगी, जिससे जिले में मात्स्यिकी क्षेत्र के विकास को और गति मिलेगी।


