सुपौल। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में रविवार को मंडल कारा, सुपौल में विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण राजेश कुमार बच्चन के निर्देशन और सचिव अमित गौरव के पर्यवेक्षण में हुआ।
कार्यक्रम का विषय “बंदियों को विधिक सहायता सेवाओं तक पहुंच की SOP एवं प्रिजन लीगल एड क्लिनिक, 2022 का कार्यकरण” रहा।
कार्यक्रम में बताया गया कि आर्थिक रूप से कमजोर पात्र बंदियों को निःशुल्क विधिक सहायता का अधिकार है। उन्हें अधिवक्ता की उपलब्धता, प्रिजन लीगल एड क्लिनिक की भूमिका और न्यायिक प्रक्रिया के हर चरण में विधिक प्रतिनिधित्व के महत्व के बारे में जानकारी दी गई।
इस अवसर पर LADCs Deputy Chief कन्हैया कुमार सिंह एवं Assistant प्रशांत कुमार, PLVs और जेल PLVs ने बंदियों की विधिक समस्याओं का समाधान किया।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने कहा कि कोई भी पात्र बंदी आर्थिक असमर्थता के कारण विधिक सहायता से वंचित न रहे, इस पर विशेष जोर दिया जा रहा है। कार्यक्रम में कारा प्रशासन के पदाधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद रहे।
