सुपौल। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), पटना में सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल के प्रबंधन पर आयोजित राष्ट्रीय स्तरीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण में सुपौल सदर अस्पताल के वरीय चिकित्सक डॉ. विमल कुमार ने सफलतापूर्वक प्रशिक्षण पूरा कर बिहार का नाम रोशन किया है।
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार के आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ के सहयोग से यह प्रशिक्षण 21 से 26 सितंबर 2026 तक आयोजित किया गया था।
राष्ट्रीय स्तर के इस प्रशिक्षण में असम, बिहार, छत्तीसगढ़, झारखंड और सिक्किम समेत पांच राज्यों के जिला स्वास्थ्य अधिकारियों एवं चिकित्सकों ने भाग लिया।
प्रशिक्षण का उद्देश्य महामारी, प्राकृतिक आपदा, रासायनिक दुर्घटना सहित विभिन्न प्रकार की सार्वजनिक स्वास्थ्य आपात स्थितियों के दौरान प्रभावी प्रबंधन एवं त्वरित प्रतिक्रिया के लिए चिकित्सकों की क्षमता विकसित करना था।
डॉ. विमल कुमार ने प्रशिक्षण की निर्धारित प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूरा किया और उन्हें सहभागिता प्रमाणपत्र प्रदान किया गया।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को आपदा अथवा स्वास्थ्य आपातकाल की स्थिति में त्वरित निर्णय लेने, समन्वय स्थापित करने और प्रभावी तरीके से संसाधनों के उपयोग सहित विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण के उपरांत जारी प्रमाणपत्र पर एम्स पटना के अतिरिक्त प्रोफेसर डॉ. सुजीत कुमार सिन्हा, डीन एकेडमिक्स प्रो. डॉ. पूनम प्रसाद भदानी तथा कार्यकारी निदेशक प्रो. ब्रिगेडियर डॉ. राजू अग्रवाल के हस्ताक्षर हैं।
डॉ. विमल कुमार की इस उपलब्धि से सुपौल, सहरसा, मधेपुरा के स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े लोगों में हर्ष है। राष्ट्रीय स्तर के इस प्रशिक्षण में उनकी सहभागिता को जिले के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।


