सुकमरपुर गौरवगढ़ में उमड़ा आस्था का सैलाब, स्वामी सत्यानन्द जी के प्रवचन से गूंजा पंडाल
सुपौल नगर परिषद वार्ड नं. 03, सुकमारपुर गौरवगढ़ में दो दिवसीय सुपौल जिला संतमत सत्संग का 15वाँ वार्षिक ध्यान अधिवेशन आयोजित किया गया।
अधिवेशन के शुभारंभ पर आयोजन समिति द्वारा पधारे हुए सभी संत महात्माओं का पुष्प माला पहनाकर भव्य स्वागत किया गया। भजन, स्तुति-विनती और जयकारों से पूरा पंडाल गूंज उठा। हजारों की संख्या में श्रद्धालु सपरिवार पधारे।
प्रवचन करते हुए संतमत सत्संग के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता परम पूज्य स्वामी श्री सत्यानन्द जी महाराज ने कहा कि यह केवल एक धार्मिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि मानवता, शांति और आत्म-कल्याण का महान अभियान है। संतमत किसी एक जाति, धर्म या संप्रदाय तक सीमित नहीं है। यह सभी धर्मों के सार को मानता है और मानवता को एक सूत्र में बांधता है। यही संतमत की सबसे बड़ी विशेषता है – सबका सम्मान, सबका कल्याण।
स्वामी जी ने कहा कि आज समाज में तनाव, नशा, अशांति, पारिवारिक कलह और मानसिक परेशानी बढ़ रही है। ऐसे में यह ध्यान अधिवेशन लोगों को सच्ची शांति प्रदान करेगा। संतमत का ध्यान-योग मन को एकाग्र करता है, नशा जैसी बुराइयों से दूर करता है और इंसान को इंसानियत सिखाता है।
उन्होंने युवाओं से विशेष आह्वान करते हुए कहा कि युवा वर्ग मोबाइल और नशे की लत से बचकर ध्यान और सदाचार को अपनाएं। जो युवा ध्यान को अपनाता है, वह जीवन में कभी असफल नहीं होता। सद्गुरु महर्षि मेंहीं परमहंस जी महाराज का संदेश ही है – ईश्वर का भजन करो और मानव सेवा करो।
अखिल भारतीय संतमत सत्संग महासभा के सदस्य एवं जिला सहायक मंत्री डॉ. अमन कुमार ने कहा कि दो दिवसीय अधिवेशन में सभी सत्संग प्रेमी सपरिवार पधारकर ध्यान, भजन एवं सत्संग का लाभ उठाएं। यह आयोजन आने वाली पीढ़ी को संस्कार, शांति और सद्गुरु के विचारों से जोड़ेगा।
कार्यक्रम में निर्मली विधायक अनिरुद्ध प्रसाद यादव, भाजपा नेता डॉ. विजय शंकर चौधरी उर्फ खोखा बाबू, पूर्व मुख्य पार्षद जगदीश प्रसाद यादव, वार्ड पार्षद शिवराम यादव, महात्मा बेचन यादव, डॉ. राजा राम गुप्ता, तेजनारायण मेहता, लक्ष्मण मंडल, देवनन्दन यादव, राजीव कुमार, शिवम साह,रामकुमार यादव सहित बड़ी संख्या में गणमान्य लोग, साधु-महात्मा और श्रद्धालु उपस्थित रहे।

