
सुपौल। सदर प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत हरदी पूरब वार्ड नंबर-03 स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय (बालक) जीवछपुर टोला, चौघारा का दृश्य बेहद शर्मनाक और हृदय विदारक है।
वर्ग कक्ष में जीन्स पैंट पहनकर, कुर्सी पर पैर रखकर सोना, जबकि मासूम बच्चे इधर-उधर भटक रहे हों – यह घोर अनुशासनहीनता और कर्तव्यहीनता की पराकाष्ठा है। यह बच्चों के भविष्य के साथ खुला खिलवाड़, शिक्षा जैसे पवित्र मंदिर का अपमान और बिहार सरकार की छवि को कलंकित करने वाला कृत्य है।
ज्ञात हो कि उक्त विशिष्ट शिक्षक श्री अजीत कुमार अधिकांश दिन इसी तरह समय व्यतीत कर बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ करते आ रहे हैं। ग्रामीणों द्वारा कई बार चेतावनी देकर सुधारने का मौका भी दिया गया, फिर भी पैसा, पहुंच और विभागीय सांठगांठ के बल पर सबको धत्ता बताते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे लापरवाह शिक्षक को बख्शा नहीं जाना चाहिए। इस पर सख्त विभागीय कार्रवाई, तत्काल निलंबन और कठोर दंडात्मक कार्रवाई होनी चाहिए। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने दिया जांच का आदेश|
